अमेरिका ने स्वीकार किया है कि काबूल में उसकी सेनाएं हटाने से पहले किए गए ड्रोन हमले में 10 निर्दोष लोग मारे गए थे। अमेरिका की सेंट्रल कमांड की जांच में पता चला कि 29 अगस्त के इस हमले में एक सहायता कर्मी और एक ही परिवार के नौ लोग मारे गए जिनमें सात बच्चे थे। सबसे छोटा बच्चा केवल दो वर्ष का था। यह हमला काबुल हवाई अड्डे पर आतंकी हमले के एक दिन बाद किया गया था।
अमेरिका की सेंट्रल कमांड के जनरल केनेथ मेकेंज़ी ने बताया कि अमेरिकी खुफिया विभाग ने उस सहायता कर्मी को इस्लामिक स्टेट से जुड़ा आतंकवादी मानते हुए आठ घंटे तक उसकी कार का पीछा किया था। यह कार इस्लामिक स्टेट से संबद्ध परिसर में देखी गई थी और इसकी गतिविधियां काबुल हवाई अड्डे पर हमले की योजना से जुड़ी हुई लग रही थी। उन्होंने कहा कि इसे दुखद भूल में तालिबान का कोई हाथ नहीं था।
रबाडा की 150+ वाली आग, कोहली का बिंदास वार... आंकड़े भी कह रहे- फाइनल में… Read More
शुभेंदु सरकार का कैबिनेट विस्तार कल, कई नए चेहरों को मिल सकती है जगह पश्चिम… Read More
Rule Change: LPG से पेट्रोल-डीजल तक... कल से देश में ये 5 बड़े बदलाव, कारें… Read More
CM थलपति विजय की फिल्म 'जन नायगन' के अटकने में छिपी है साजिश? डायरेक्टर ने… Read More
CBSE के OSM टेंडर में हुआ खेल! 12वीं के छात्र सार्थक सिद्धांत ने खोली पोल… Read More
लड़की नदी में डूब रही थी, बचाने के लिए एक-एक कर कूद गए 5 लोग,… Read More
This website uses cookies.
Leave a Comment