ऐतिहासिक भारत- संयुक्त अरब अमीरात व्यापक आर्थिक भागीदारी समझौता (सीईपीए) जिसे 18 फरवरी 2022 को दोनों देशों के बीच हस्ताक्षरित किया गया था, आज आधिकारिक रूप से लागू हो गया। वाणिज्य विभाग के सचिव बी वी आर सुब्रह्मण्यम ने आज नई दिल्ली में न्यू कस्टम्स हाउस में एक समारोह में भारत-यूएई सीईपीए के तहत भारत से संयुक्त अरब अमीरात के लिए आभूषण उत्पादों की पहली खेप को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
ऐतिहासिक समझौते को क्रियान्वित करते हुए, भारत सरकार के माननीय वाणिज्य सचिव बी वी आर सुब्रह्मण्यम ने एक प्रतीकात्मक संकेत में रत्न और आभूषण क्षेत्र के तीन निर्यातकों को मूल प्रमाण पत्र सौंपा। उपरोक्त खेप जिसपर अब इस समझौते के तहत शून्य सीमा शुल्क लगेगा, आज 01 मई 2022 को दुबई पहुंचने की उम्मीद है।
रत्न और आभूषण क्षेत्र का संयुक्त अरब अमीरात को भारत से होने वाली निर्यात में एक बड़ा योगदान होता है और यह एक ऐसा क्षेत्र है जिसे भारत-यूएई सीईपीए के तहत भारतीय उत्पादों के लिए प्राप्त शुल्क रियायतों से काफी लाभ होने की उम्मीद है।
कुल मिलाकर भारत को अपनी 97 प्रतिशत से अधिक टैरिफ लाइनों पर संयुक्त अरब अमीरात द्वारा प्रदान की जाने वाली तरजीही बाजार पहुंच से लाभ होगा, जो विशेष रूप से श्रम-व्यापक क्षेत्रों जैसे रत्न और आभूषण, वस्त्र, चमड़े, जूते-चप्पल, खेल के सामान, प्लास्टिक, फर्नीचर, कृषि और लकड़ी के उत्पाद, इंजीनियरिंग उत्पाद, फार्मास्यूटिकल्स, चिकित्सा उपकरण और ऑटोमोबाइल से से मूल्य के संदर्भ में यूएई को 99 प्रतिषत निर्यात करता है। सेवाओं में व्यापार के संबंध में, भारतीय सेवा प्रदाताओं की 11 व्यापक सेवा क्षेत्रों के लगभग 111 उप-क्षेत्रों तक पहुंच में वृद्धि होगी।
सीईपीए से पांच वर्षों के भीतर माल में द्विपक्षीय व्यापार के कुल मूल्य को 100 अरब डॉलर और सेवाओं में व्यापार को 15 अरब डॉलर से अधिक तक बढ़ने की उम्मीद है।
समारोह में बोलते हुए, वाणिज्य सचिव ने कहा कि यह एक महत्वपूर्ण अवसर है। दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी की अपार संभावनाओं पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि यह समझौता एक ट्रेंडसेटर है क्योंकि बहुत कम समय में इसे किया गया है।
उन्होंने कहा कि हालांकि समझौते में 100 अरब डॉलर के व्यापार के लक्ष्य की कल्पना की गई थी, भारत के बाजार के आकार और यूएई भारत को जो पहुंच प्रदान करेगा, उसे देखते हुए बहुत कुछ हासिल किया जा सकता है। यह देखते हुए कि समझौता दोनों देशों के नेताओं के दृष्टिकोण का परिणाम है, वाणिज्य सचिव ने कहा कि भारत के लिए यूएई दुनिया का प्रवेश द्वार होगा।
अंतर्राष्ट्रीय बाजार में भारतीय उत्पादों के प्रतिस्पर्धी होने की आवश्यकता को रेखांकित करते हुए, सचिव ने कहा कि हमारी क्षमताओं को बनाने और बढ़ाने की आवश्यकता है। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार रसद लागत को कम करने पर काम कर रही है ताकि दूरदराज के उत्पादों को भी प्रतिस्पर्धी बनाया जा सके।
वाणिज्य सचिव ने बताया कि भारत अन्य पूरक अर्थव्यवस्थाओं के साथ बहुत तेज गति से व्यापार समझौतों पर बातचीत कर रहा है और ब्रिटेन, कनाडा और यूरोपीय संघ के साथ बातचीत चल रही है।
उन्होंने इस तरह के व्यापार समझौतों के लाभों को आम आदमी की भाषा में निर्यातक समुदाय को संप्रेषित करने की आवश्यकता के बारे में भी बताया ताकि वे समझौते के प्रावधानों को समझ सकें और इसका सर्वोत्तम संभव उपयोग कर सकें। बाजार आसूचना और डेटा विश्लेषण की आवश्यकता पर प्रकाश डालते हुए, जिस पर सरकार भविष्य में ध्यान केंद्रित करेगी, सचिव ने निर्यातकों से मुक्त व्यापार समझौतों का लाभ उठाने का आग्रह किया।
यह बताते हुए कि पिछले वित्त वर्ष के दौरान 670 अरब डॉलर का निर्यात (वस्तु और सेवा) हुआ, जो सकल घरेलू उत्पाद का 22.23 प्रतिशत था, बी वी आर सुब्रह्मण्यम ने कहा कि निर्यात हर अर्थव्यवस्था में विकास का एक महत्वपूर्ण इंजन है और कहा कि दुनिया भारत को एक विश्वसनीय भागीदार के रूप में देख रही है।
2047 में भारत के भविष्य के लिए एक विजन के बारे में बताते हुए, सचिव ने कहा कि हम अगले 25 वर्षों में 40 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था होंगे। उन्होंने जोर देकर कहा कि वाणिज्य विभाग भी भविष्य के लिए तैयार होने और व्यापार को बढ़ावा देने पर ध्यान देने के साथ कल की चुनौतियों का सामना करने के लिए खुद को मजबूत कर रहा है।
विदेश व्यापार के महानिदेशक संतोष कुमार सारंगी, मुख्य सीमा शुल्क आयुक्त सुरजीत भुजबल, सीमा शुल्क आयुक्त संजय बंसल, वाणिज्य विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी और उद्योग/निर्यातक समुदाय और मीडिया बिरादरी के प्रतिनिधियों ने इस समारोह में भाग लिया।
Anthropic के Claude AI की खासियतें क्या हैं? Claude AI की सबसे बड़ी विशेषता इसका… Read More
अन्नामलाई BJP छोड़ेंगे? नई पार्टी बनाने की अटकलों के बीच दिल्ली पहुंचे पूर्व तमिलनाडु BJP… Read More
वैभव सूर्यवंशी को टीम इंडिया में मौका कब?' दिग्गज क्रिकेटर ने BCCI पर उठाए सवाल… Read More
YouTube यूजर्स के लिए बड़ा अपडेट! नए फीचर्स और पॉलिसी बदलावों से बदल सकता है… Read More
राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने ‘ऑपरेशन चक्रव्यूह’ के तहत केरल में नशीले पदार्थों के खिलाफ… Read More
केंद्रीय कृषि मंत्री Shivraj Singh Chouhan ने कहा है कि “खेत बचाओ अभियान” सिर्फ जागरूकता… Read More
This website uses cookies.
Leave a Comment