राज्यसभा में दिल्ली नगर निगम संशोधन विधेयक 2022 पारित हो गया है। इस विधेयक के अंतर्गत दिल्ली नगर निगम अधिनियम 1957 में और संशोधन करने तथा वर्तमान में दिल्ली के तीन नगर निगमों को एकीकृत कर एक दिल्ली नगर निगम बनाने का प्रावधान है। इससे नगर निगम को अधिक पारदर्शी, बेहतर प्रशासन और दिल्ली के लोगों के लिए नागरिक सेवाओं को अधिक कुशल तरीके से प्रदान करने में मदद मिलेगी।
वर्तमान में उत्तरी दिल्ली, दक्षिण दिल्ली और पूर्वी दिल्ली नगर निगमों में कुल 272 सीटें हैं। उत्तरी और दक्षिणी दिल्ली प्रत्येक में एक सौ चार और पूर्वी दिल्ली में 64 वार्ड हैं। सदन में विधेयक प्रस्तुत करते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि दिल्ली नगर निगम राष्ट्रीय राजधानी के समूचे क्षेत्र में 95 प्रतिशत नागरिक सेवाएं प्रदान करने के लिए जिम्मेदार है और तीन नगर निगमों में लगभग एक लाख बीस हजार कर्मचारी काम करते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली सरकार राजधानी के तीनों नगर निगमों के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है और तीनों नगर निगमों के पास अपने दायित्व पूरा करने के लिए पर्याप्त संसाधन नहीं हैं।
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