प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 14 अप्रैल, 2023 को असम का दौरा करेंगे। प्रधानमंत्री दोपहर करीब 12 बजे एम्स गुवाहाटी पहुंचेंगे और इसके नवनिर्मित परिसर का निरीक्षण करेंगे। इसके बाद एक सार्वजनिक समारोह में, वह एम्स गुवाहाटी और तीन अन्य मेडिकल कॉलेजों को राष्ट्र को समर्पित करेंगे। वह असम एडवांस्ड हेल्थ केयर इनोवेशन इंस्टीट्यूट (एएएचआईआई) का शिलान्यास भी करेंगे और पात्र लाभार्थियों को आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (एबी-पीएमजेएवाई) कार्ड वितरित करके ‘आपके द्वार आयुष्मान’ अभियान का शुभारंभ करेंगे।
दोपहर लगभग 2:15 बजे, प्रधानमंत्री गुवाहाटी उच्च न्यायालय के प्लेटिनम जुबली समारोह के उपलक्ष्य में गुवाहाटी के श्रीमंत शंकरदेव कलाक्षेत्र में आयोजित कार्यक्रम में भाग लेंगे।
शाम 5 बजे, प्रधानमंत्री एक सार्वजनिक कार्यक्रम की अध्यक्षता करने के लिए गुवाहाटी के सरसजई स्टेडियम पहुंचेंगे जहां वह दस हजार से अधिक कलाकारों/बिहू नर्तकों द्वारा प्रस्तुत रंगारंग बिहू कार्यक्रम का अवलोकन करेंगे। इस कार्यक्रम के दौरान, प्रधानमंत्री नामरूप में 500 टीपीडी क्षमता वाले मेन्थॉल संयंत्र की शुरुआत; ब्रह्मपुत्र नदी पर पलाशबाड़ी और सुआलकुची को जोड़ने वाले एक पुल का शिलान्यास; शिवसागर स्थित रंग घर के सौंदर्यीकरण कार्य का शिलान्यास; और पांच रेल परियोजनाओं को राष्ट्र को समर्पित करने सहित विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास करेंगे तथा राष्ट्र को समर्पित करेंगे।
प्रधानमंत्री एम्स गुवाहाटी में
प्रधानमंत्री 3,400 करोड़ रुपये से अधिक लागत की विभिन्न परियोजनाओं का शिलान्यास व राष्ट्र को समर्पित करेंगे।
एम्स, गुवाहाटी में कामकाज का शुरू होना असम और पूरे उत्तर-पूर्वी क्षेत्र के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर होगा। यह देश भर में स्वास्थ्य संबंधी बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की प्रधानमंत्री की प्रतिबद्धता का एक प्रमाण भी है। मई 2017 में इस अस्पताल का शिलान्यास भी प्रधानमंत्री द्वारा किया गया था। कुल 1120 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से निर्मित, एम्स गुवाहाटी 30 आयुष बिस्तरों सहित 750 बिस्तरों वाला एक अत्याधुनिक अस्पताल है। इस अस्पताल में हर साल 100 एमबीबीएस के छात्रों की वार्षिक प्रवेश क्षमता होगी। यह अस्पताल उत्तर पूर्व के लोगों को विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करेगा।
प्रधानमंत्री देश को तीन मेडिकल कॉलेजों यानी नलबाड़ी मेडिकल कॉलेज, नलबाड़ी; नागांव मेडिकल कॉलेज, नागांव; और कोकराझार मेडिकल कॉलेज, कोकराझार को राष्ट्र को समर्पित भी करेंगे। इन तीनों कॉलेजों का निर्माण क्रमशः लगभग 615 करोड़ रुपये 600 करोड़ रूपये 535 करोड़ रुपये की लागत से किया गया है। इनमें से प्रत्येक मेडिकल कॉलेज में आपातकालीन सेवाओं, आईसीयू सुविधाओं, ओटी और डायग्नोस्टिक सुविधाओं आदि सहित ओपीडी/आईपीडी सेवाओं के साथ 500 बिस्तरों वाले शिक्षण अस्पताल संलग्न हैं। प्रत्येक मेडिकल कॉलेज में 100 एमबीबीएस छात्रों की वार्षिक प्रवेश क्षमता होगी।
प्रधानमंत्री द्वारा ‘आपके द्वार आयुष्मान’ अभियान का औपचारिक शुभारंभ, कल्याणकारी योजनाओं की शत-प्रतिशत संतृप्ति सुनिश्चित करने हेतु प्रत्येक लाभार्थी तक पहुंचने के उनके सपने को साकार करने की दिशा में एक कदम है। प्रधानमंत्री तीन प्रतिनिधि लाभार्थियों को आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (एबी-पीएमजेएवाई) कार्ड वितरित करेंगे, जिसके बाद राज्य के सभी जिलों में लगभग 1.1 करोड़ एबी-पीएमजेएवाई कार्ड वितरित किए जायेंगे।
असम एडवांस्ड हेल्थ केयर इनोवेशन इंस्टीट्यूट (एएएचआईआई) का शिलान्यास स्वास्थ्य से जुड़े क्षेत्रों में प्रधानमंत्री के ‘आत्मनिर्भर भारत’ और ‘मेक इन इंडिया’ के सपने को साकार करने की दिशा में एक कदम है। देश में स्वास्थ्य सेवा में उपयोग की जाने वाली अधिकांश प्रौद्योगिकियां आयात की जाती हैं और वे एक अलग संदर्भ में विकसित की जाती हैं, जो भारतीय परिवेश में संचालित करने की दृष्टि से अत्यधिक महंगी और जटिल होती हैं। एएएचआईआई की परिकल्पना इन्हीं सन्दर्भों को ध्यान में रखकर की गई है और यह संस्थान ‘हम अपनी समस्याओं का समाधान खुद ढूंढ़ लेते हैं’ वाले दृष्टिकोण के साथ काम करेगा। एएएचआईआई, जिसका निर्माण लगभग 546 करोड़ रुपये की लागत से किया जाना है, चिकित्सा और स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में अत्याधुनिक आविष्कारों और अनुसंधान एवं विकास की सुविधा प्रदान करेगा, स्वास्थ्य से संबंधित देश की अनूठी समस्याओं की पहचान करेगा और उन समस्याओं को हल करने के लिए नई तकनीकों के विकास को बढ़ावा देगा।
प्रधानमंत्री श्रीमंत शंकरदेव कलाक्षेत्र में
प्रधानमंत्री गुवाहाटी उच्च न्यायालय के प्लेटिनम जुबली समारोह के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम में भाग लेंगे।
इस कार्यक्रम के दौरान, प्रधानमंत्री असम पुलिस द्वारा डिजाइन किए गए एक मोबाइल एप्लिकेशन ‘असम कॉप’ का शुभारंभ करेंगे। यह ऐप अपराध और आपराधिक नेटवर्क ट्रैकिंग सिस्टम (सीसीटीएनएस) और वाहन राष्ट्रीय रजिस्टर के डेटाबेस से अभियुक्तों और वाहनों की खोज की सुविधा प्रदान करेगा।
गौहाटी उच्च न्यायालय की स्थापना 1948 में हुई थी और इसने मार्च, 2013 तक असम, नागालैंड, मणिपुर, मेघालय, मिजोरम, त्रिपुरा और अरुणाचल प्रदेश के सात उत्तर-पूर्वी राज्यों के लिए साझा अदालत के रूप में कार्य किया। वर्ष 2013 में मणिपुर, मेघालय और त्रिपुरा के लिए अलग उच्च न्यायालय बनाए गए। गौहाटी उच्च न्यायालय का अधिकार क्षेत्र में अब असम, नागालैंड, मिजोरम और अरुणाचल प्रदेश है। गुवाहाटी में इसकी प्रमुख सीट है और कोहिमा (नागालैंड), आइजोल (मिजोरम) और ईटानगर (अरुणाचल प्रदेश) में इसके तीन स्थायी पीठ हैं।
प्रधानमंत्री सरसजई स्टेडियम में
प्रधानमंत्री 10,900 करोड़ रुपये से अधिक लागत की विभिन्न परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे।
प्रधानमंत्री ब्रह्मपुत्र नदी पर पलाशबाड़ी और सुआलकुची को जोड़ने वाले एक पुल का शिलान्यास करेंगे। यह पुल इस क्षेत्र में बहुत जरूरी कनेक्टिविटी प्रदान करेगा। वह डिब्रूगढ़ के नामरूप में 500 टीपीडी क्षमता वाले मेथनॉल संयंत्र की शुरुआत भी करेंगे। वह इस क्षेत्र में स्थित विभिन्न रेल खंडों के दोहरीकरण और विद्युतीकरण सहित पांच रेलवे परियोजनाओं का भी उद्घाटन करेंगे।
जिन रेल परियोजनाओं का उद्घाटन किया जाएगा उनमें दिगारू-लुमडिंग खंड; गौरीपुर – अभयपुरी खंड; न्यू बोंगाईगांव – धूप धारा खंड का दोहरीकरण; रानीनगर जलपाईगुड़ी-गुवाहाटी खंड का विद्युतीकरण; सेंचोआ-सिलघाट टाउन और सेंचोआ-मैराबाड़ी खंड का विद्युतीकरण शामिल है।
प्रधानमंत्री शिवसागर में रंग घर के सौंदर्यीकरण से संबंधित परियोजना का शिलान्यास भी करेंगे, जो इस स्थल पर पर्यटकों से जुड़ी सुविधाओं को उन्नत बनाएगी। रंग घर के सौंदर्यीकरण की परियोजना में एक विशाल जल निकाय के चारों ओर निर्मित और अहोम राजवंश के इतिहास को प्रदर्शित करने वाला फाउंटेन-शो, नाव की साहसिक सवारी के लिए जेटी के साथ बोट हाउस, स्थानीय हस्तशिल्प को बढ़ावा देने के लिए कारीगर गांव, भोजनप्रेमियों के लिए विविध जातीय व्यंजन जैसी सुविधाएं प्रदान की जायेंगी। शिवसागर में स्थित रंग घर अहोम संस्कृति एवं परंपराओं को चित्रित करने वाली सबसे प्रतिष्ठित संरचनाओं में से एक है। इसे 18वीं शताब्दी में अहोम राजा स्वर्गदेव प्रमत्त सिंहा ने बनवाया था।
प्रधानमंत्री एक विशाल बिहू नृत्य का अवलोकन भी करेंगे, जिसका आयोजन असम के बिहू नृत्य को असमिया लोगों की सांस्कृतिक पहचान और जीवन के शुभंकर के रूप में विश्व स्तर पर प्रदर्शित करने के उद्देश्य से किया गया है। इस कार्यक्रम में एक ही स्थान पर 10,000 से अधिक कलाकार/बिहू कलाकार भाग लेंगे और एक ही स्थान पर दुनिया के सबसे बड़े बिहू नृत्य प्रदर्शन की श्रेणी में एक नया गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने का प्रयास करेंगे। इसमें राज्य के 31 जिलों के कलाकार भाग लेंगे।
Kal Ka Rashifal 19 July 2026: चंद्रमा के राशि परिवर्तन से बदलेगा दिन, जानें मेष… Read More
भारत बनाम इंग्लैंड दूसरा वनडे: जो रूट की नाबाद 99 रन की पारी से इंग्लैंड… Read More
ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट टीम की बड़ी चुनौती, नए सीजन में जीत की लय बरकरार रखने पर… Read More
प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना को बड़ी सौगात, 12 राज्यों को ₹10,021 करोड़ जारी नई दिल्ली:… Read More
बांग्लादेश बनाम जिम्बाब्वे: दूसरे टी20 में सीरीज बचाने उतरेगा बांग्लादेश, जिम्बाब्वे की नजर सीरीज जीत… Read More
पेट्रोल-डीजल की कीमतों को नियंत्रित करने के लिए मूल्य स्थिरीकरण कोष के इस्तेमाल की मांग… Read More
This website uses cookies.
Leave a Comment