Categories: News-Headlines

उपराष्ट्रपति ने धनमंजुरी विश्वविद्यालय और मणिपुर विश्वविद्यालय में छात्रों और शिक्षकों को संबोधित किया

उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने आज कहा कि भारत सरकार की ‘एक्ट ईस्ट’ नीति को ‘लुक ईस्ट’ नीति से अपग्रेड करके पूर्वोत्तर क्षेत्र को गति दी गई है और इसके समग्र विकास के लिए रास्ता बनाया है। उन्होंने कहा कि पूर्वोत्तर का विकास भारत की विकास गाथा का अभिन्न अंग है।

उपराष्ट्रपति के रूप में मणिपुर राज्य की अपनी पहली यात्रा पर जगदीप धनखड़ ने धनमंजुरी विश्वविद्यालय, मणिपुर और बाद में मणिपुर विश्वविद्यालय में छात्रों और शिक्षकों को संबोधित किया।

धनमंजुरी विश्वविद्यालय में बोलते हुए, जगदीप धनखड़ ने उन्नत रेल कनेक्टिविटी, हवाई अड्डों की संख्या में वृद्धि, अन्य पहलों का जिक्र करते हुए कहा कि पूर्वोत्तर क्षेत्र में बुनियादी ढांचे में तेजी से सुधार हो रहा है। उन्होंने कहा कि पूर्वोत्तर की संस्कृति, विविधता, नृत्य और प्राकृतिक वनस्पति दुनिया में अद्वितीय हैं। उन्होंने कहा कि वह मणिपुरी लोगों की गर्मजोशी और आतिथ्य से प्रभावित हुए हैं और इससे स्पष्ट तौर पर पता चलता है कि राज्य का खुशी सूचकांक वास्तव में उच्च है।

छात्रों को 2047 के अगुआ बताते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि छात्रों को न केवल बड़े सपने देखने चाहिए बल्कि उन्हें वास्तविकता बनाने के लिए हर संभव प्रयास करना चाहिए। उन्हें विकास के अवसरों का उपयोग करना चाहिए और नौकरी चाहने वालों के बजाय नौकरी सृजक बनना चाहिए।

उपराष्ट्रपति ने कहा कि राष्ट्रीय शैक्षिक नीति- 2020 एक दूरदर्शी दस्तावेज और एक गेम चेंजर है क्योंकि यह कल्पना करता है कि शिक्षा को एक डिग्री तक सीमित नहीं किया जाना चाहिए, बल्कि कौशल में सुधार और मूल्यों को स्थापित करना चाहिए।

मणिपुर विश्वविद्यालय में उपराष्ट्रपति

मणिपुर विश्वविद्यालय में छात्रों को संबोधित करते हुए उपराष्ट्रपति ने उन्हें विभिन्न विचारों के साथ प्रयोग करने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि ‘डर नवाचार के लिए सबसे घातक’ है। उन्होंने इच्छा जताई कि सभी बच्चे अपने सपनों को साकार करें।

उपराष्ट्रपति ने कहा कि दुनिया भारत के विकास को देख रही है, जो इसके फलते-फूलते स्टार्टअप इकोसिस्टम के जरिए सबके सामने आ रहा है। उन्होंने कहा कि भारत को ऐसी जगह के रूप में देखा जा रहा है जहां अवसरों की भरमार है। दुनिया में हर निवेशक भारत के समृद्ध मानव संसाधन और तेजी से पारदर्शी होती सरकारी प्रक्रियाओं के कारण भारत पर अधिक ध्यान केंद्रित कर रहा है। उन्होंने छात्रों से राष्ट्र को हमेशा पहले रखने और इसकी उपलब्धियों पर गर्व करने का आह्वान किया।

मणिपुर की राज्यपाल अनुसुइया उइके, मणिपुर के मुख्यमंत्री एन. बिरेन सिंह, भारत सरकार के केंद्रीय राज्य मंत्री विदेश एवं शिक्षा डॉ. राजकुमार रंजन सिंह, मणिपुर के शिक्षा मंत्री बसंत सिंह, धनमंजुरी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एन. राजमुहोन सिंह, मणिपुर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एन लोकेंद्र सिंह और अन्य गणमान्य व्यक्ति इन कार्यक्रमों में उपस्थित थे।

Leave a Comment

Recent Posts

Skyroot Aerospace ने अंतरिक्ष मिशनों को दी नई रफ्तार, निजी स्पेस सेक्टर में भारत की बढ़ी ताकत

Skyroot Aerospace ने अंतरिक्ष मिशनों को दी नई रफ्तार, निजी स्पेस सेक्टर में भारत की… Read More

16 minutes ago

Kal Ka Rashifal 19 July 2026: चंद्रमा के राशि परिवर्तन से बदलेगा दिन, जानें मेष से मीन तक सभी 12 राशियों का राशिफल

Kal Ka Rashifal 19 July 2026: चंद्रमा के राशि परिवर्तन से बदलेगा दिन, जानें मेष… Read More

51 minutes ago

भारत बनाम इंग्लैंड दूसरा वनडे: जो रूट की नाबाद 99 रन की पारी से इंग्लैंड की शानदार जीत, सीरीज 1-1 से बराबर

भारत बनाम इंग्लैंड दूसरा वनडे: जो रूट की नाबाद 99 रन की पारी से इंग्लैंड… Read More

20 hours ago

ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट टीम की बड़ी चुनौती, नए सीजन में जीत की लय बरकरार रखने पर नजर

ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट टीम की बड़ी चुनौती, नए सीजन में जीत की लय बरकरार रखने पर… Read More

24 hours ago

प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना को बड़ी सौगात, 12 राज्यों को ₹10,021 करोड़ जारी

प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना को बड़ी सौगात, 12 राज्यों को ₹10,021 करोड़ जारी नई दिल्ली:… Read More

1 day ago

बांग्लादेश बनाम जिम्बाब्वे: दूसरे टी20 में सीरीज बचाने उतरेगा बांग्लादेश, जिम्बाब्वे की नजर सीरीज जीत पर

बांग्लादेश बनाम जिम्बाब्वे: दूसरे टी20 में सीरीज बचाने उतरेगा बांग्लादेश, जिम्बाब्वे की नजर सीरीज जीत… Read More

1 day ago

This website uses cookies.