म्यांमार की सैन्य सरकार ने 2020 के चुनाव परिणामों को निरस्त कर दिया है और कहा है कि यह चुनाव स्वतंत्र और निष्पक्ष नहीं हुए थे। इस चुनाव में आंग सान सू ची की पार्टी को जीत मिली थी। म्यांमार में तख्ता पलट में नोबेल पुरस्कार से सम्मानित सू ची को नजरबंद करने के लगभग छह महीने बाद चुनाव निरस्त किया गया है।
सैनिक शासन के चुनाव आयोग ने कहा है कि जांच से इन चुनाव में धोखाधड़ी के एक करोड़ दस लाख से अधिक मामलों का पता चला है। चुनाव में सू ची की नेशनल लीग फॉर डेमोक्रेसी-एनएलडी पार्टी ने सैनिक गठबंधन वाले विपक्षी दलों को बुरी तरह से हरा दिया था। आयोग के अध्यक्ष थीन सोइ ने कहा है कि एनएलडी ने कोविड प्रतिबंधों का दुरुपयोग करते हुए विपक्षी दलों और उम्मीदवारों से सत्ता लेने का प्रयास किया। उन्होंने नए चुनाव कराने के बारे में कोई बात नहीं की। सैनिक शासन ने पहले कहा था कि वह दो वर्षों में नए चुनाव कराएगा लेकिन उसने एनएलडी भंग करने की भी धमकी दी थी।
तख्ता पलट के बाद सू ची नजरबंद हैं और उन पर अवैध तरीके से वॉकी टाकी आयात करने के लिए कोरोना प्रतिबंधों का उल्लंघन करने जैसे कई आरोप हैं। इसके लिए उन्हें दस साल से अधिक की सजा हो सकती है। स्थानीय निगरानी समूह के अनुसार सेना के सत्ता हथियाने के बाद से म्यामां में अशांति बनी हुई है और असंतुष्टों पर कड़ी कार्रवाई में नौ सौ से अधिक लोग मारे गए हैं।
भारत में धन शोधन और वित्तीय अपराधों के खिलाफ लड़ाई को मजबूत करने की दिशा… Read More
भारत में धन-शोधन और वित्तीय अपराधों के खिलाफ लड़ाई को मजबूत करने की दिशा में… Read More
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ऑस्ट्रिया के फेडरल चांसलर डॉ. क्रिश्चियन स्टॉकर ने डेलीगेशन लेवल की… Read More
आईपीएल क्रिकेट में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने लखनऊ सुपर जायंट्स को पांच विकेट से हरा… Read More
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय भारत सरकार ने नई दिल्ली में ब्रिक्स स्वास्थ्य कार्य… Read More
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन (ETC) प्रणाली में डेटा की सटीकता… Read More
This website uses cookies.
Leave a Comment