केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने आज उत्तराखंड में राज्य की बहुउद्देशीय प्राथमिक कृषि ऋण सहकारी समितियों (MPACS) के कंप्यूटरीकरण, संयुक्त सहकारी खेती, जनसुविधा केन्द्रों और जनऔषधि केन्द्रों का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
अमित शाह ने अपने संबोधन में कहा कि 30 अक्टूबर, 2021 को पूरे भारत में पहली बार PACS के कम्प्यूटराइज़ेशन का काम उत्तराखंड में शुरू हुआ था और आज यहां के सभी 670 पैक्स के कम्प्यूटराइज़ेशन का काम समाप्त हो चुका है। उन्होंने कहा कि MPACS के लिए हमने कुछ ही समय पहले मॉडल बायलॉज़ राज्य सरकारों को भेजे थे और उत्तराखंड में 95 MPACS बनाने का काम समाप्त भी हो चुका है। अमित शाह ने कहा कि इसके साथ ही 95 जनऔषधि केन्द्र और जन सुविधा केन्द्र भी कोऑपरेटिव सोसायटीज़ में सबसे पहले उत्तराखंड ने शुरू किए हैं।
केन्द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने सहकार से समृद्धि के सूत्र के साथ देश में एक अलग सहकारिता मंत्रालय बनाया और उसके माध्यम से देश के सभी 65 हज़ार सक्रिय PACS को कम्प्यूटराइज़्ड करने का काम शुरू हुआ। उन्होंने कहा कि इसके साथ ही 307 ज़िला सहकारी बैंक सहित कई सुविधाओं को कम्प्यूटराइज़्ड किया गया है। उन्होंने कहा कि आज यहां 307 सहकारी बैंक शाखाओं और 670MPACS का कंप्यूटराइज़ेशन समाप्त करके उत्तराखंड सरकार ने पूरे देश में सहकारिता क्षेत्र में पहले नंबर पर आने का काम किया है। उन्होंने कहा कि कम्प्यूटराइज़ेशन से सिस्टम में पूर्ण पारदर्शिता आएगी और ऑडिट भी ऑनलाइन हो जाएगा जिससे पैक्स के फायनेंशियल डिसिप्लिन में सुधार आएगा। अमित शाह ने कहा कि ये 95 जनसुविधा केन्द्र,केन्द्र सरकार और राज्य सरकार की 300 से अधिक योजनाओं को गांवों में सीधे पहुंचाने का काम करेंगे। उन्होंने कहा कि कोऑपरेटिव जनऔषधि केन्द्रों के माध्यम से लगभग 50 से 90 प्रतिशत सस्ती दवाई लोगों को मिलेगी। अमित शाह ने कहा कि उत्तराखंड के 95 विकास खंडों में एकीकृत सामूहिक सहकारी खेती के मॉडल का भी आज शुभारंभ हुआ है।
अमित शाह ने कहा कि कल सहकारिता मंत्रालय की पहल पर सुप्रीम कोर्ट ने सहारा ग्रुप की 4 कोऑपरेटिव सोसायटियों में पैसा लगाने वाले लगभग 10 करोड़ डिपॉज़िटर्स को उनका पैसा वापिस देने का आदेश दिया। उन्होंने कहा कि इस ऐतिहासिक निर्णय से सहारा ग्रुप के सभी निवेशकों को उनका पैसा वापिस मिल जाएगा। अमित शाह ने कहा कि सहारा ग्रुप के सभी निवेशक सेन्ट्रल रजिस्ट्रार को अपनी डिमांड भेज सकते हैं जिससे उनका सत्यापन करके 3-4 महीने में उनका पैसा वापिस मिल सके।
केन्द्रीय सहकारिता मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने सहकार से समृद्धि के मंत्र के माध्यम से कई नई शुरूआत की हैं। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार राष्ट्रीय सहकारिता यूनिवर्सिटी, राष्ट्रीय सहकारिता नीति और सहकारिता डेटाबेस बना रहे हैं। इसके साथ ही बीजों के उत्पादन, जैविक खेती की मार्केटिंग और किसानों के उत्पादों के निर्यात के लिए मल्टीस्टेट कोऑपरेटिव सोसायटी बना चुके हैं। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में नल से जल की योजना पैक्स को सैंपा जा सकेगा कियोंकि भारत सरकार द्वारा भेजे गए मल्टीडायमेंशनल पैक्स के मॉडल बायलॉज़ में पैक्स गांव की जल व्यवस्था भी कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि पैक्स अब कई प्रकार के काम कर सकेंगे।
अमित शाह ने कहा कि मोदी जी ने सहकारिता मंत्रालय बनाकर कम भूमि वाले लोगों को कई प्रकार के व्यवसायों के साथ जोड़ने का काम किया है। उन्होंने विश्वास जताया कि PACS को बहुउद्देशीय बना कर मोदी जी ने सहकारिता के माध्यम से किसानों की आय को बढ़ाने के लिए एक मजबूत कदम उठाया है। उन्होंने कहा कि मोदी जी के नेतृत्व में जितने भी इनीशिएटिव्स सहकारिता के क्षेत्र में लिए गए हैं, उत्तराखंड की धामी सरकार ने उन सभी को ज़मीन पर उतारकर देवभूमि के छोटे किसानों के हित में काम किया है।
National Film Awards 2026: ‘आर्टिकल 370’ बनी सर्वश्रेष्ठ फिल्म, कार्तिक आर्यन और ममूटी को मिला… Read More
RBI ने पॉलिमर नोटों की दिशा में बढ़ाया कदम, ₹10 और ₹20 के नोटों से… Read More
AIBE 21 (XXI) 2026: बार काउंसिल जल्द जारी कर सकती है नोटिफिकेशन, जानें रजिस्ट्रेशन और… Read More
Skyroot Aerospace ने अंतरिक्ष मिशनों को दी नई रफ्तार, निजी स्पेस सेक्टर में भारत की… Read More
Kal Ka Rashifal 19 July 2026: चंद्रमा के राशि परिवर्तन से बदलेगा दिन, जानें मेष… Read More
भारत बनाम इंग्लैंड दूसरा वनडे: जो रूट की नाबाद 99 रन की पारी से इंग्लैंड… Read More
This website uses cookies.
Leave a Comment